नई दिल्ली: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा ने पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतों को लेकर केंद्र सरकार पर सवाल उठाए हैं. उनका कहना है कि सरकार लंबे समय से महंगाई और ईंधन कीमतों में बढ़ोतरी के लिए अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों, विशेषकर पश्चिम एशिया में तनाव और अमेरिका-ईरान विवाद को जिम्मेदार ठहराती रही है. ऐसे में जब क्षेत्रीय हालात सामान्य होने की बात कही जा रही है, तो अब सरकार को आम लोगों को राहत देने की दिशा में कदम उठाने चाहिए.
खेड़ा ने कहा कि वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में नरमी आने की संभावना बन रही है. इसके साथ ही आपूर्ति व्यवस्था में सुधार और मांग-आपूर्ति के संतुलन से ऊर्जा क्षेत्र पर दबाव कम हो सकता है. उनका तर्क है कि यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में लागत घटती है तो उसका लाभ देश के उपभोक्ताओं तक भी पहुंचना चाहिए.
कांग्रेस नेता ने केंद्र सरकार से पेट्रोल, डीजल, सीएनजी, एलपीजी और एलएनजी की कीमतों में हाल में हुई बढ़ोतरी को वापस लेने और जल्द राहत की घोषणा करने की मांग की. उन्होंने यह भी सवाल किया कि क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने विदेश दौरे के दौरान इस संबंध में कोई घोषणा करेंगे या फिर जनता को इसके लिए और इंतजार करना पड़ेगा.
खेड़ा का यह बयान ऐसे समय में आया है जब विपक्ष लगातार महंगाई और ईंधन कीमतों के मुद्दे पर सरकार को घेर रहा है. कांग्रेस का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में सकारात्मक बदलाव का लाभ आम नागरिकों तक पहुंचना चाहिए, जबकि सरकार की ओर से अब तक कीमतों में संभावित कटौती को लेकर कोई आधिकारिक संकेत नहीं मिला है.













